बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय अधिनियम, 1994 (The Babasaheb Bhimrao Ambedkar University Act, 1994)
बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय की स्थापना 30 सितंबर, 1994 को उत्तर प्रदेश राज्य में एक केंद्रीय विश्वविद्यालय के रूप में की गई थी। इस अधिनियम का उद्देश्य डॉ. बी.आर. अंबेडकर के विचारों और सामाजिक न्याय, राष्ट्रीय एकता, लोकतांत्रिक मूल्यों तथा शिक्षा के प्रसार के उनके संघर्ष को आगे बढ़ाना था। विश्वविद्यालय का नाम भारतीय संविधान के प्रमुख शिल्पी और समाज सुधारक डॉ. अंबेडकर के नाम पर रखा गया, जिन्होंने शिक्षा को सामाजिक परिवर्तन का प्रमुख साधन माना था।
इस अधिनियम के अनुसार, विश्वविद्यालय का प्रमुख उद्देश्य उच्च शिक्षा, अनुसंधान और शैक्षणिक सुविधाओं को बढ़ावा देना है, विशेष रूप से समाज के आर्थिक और सामाजिक रूप से पिछड़े वर्गों के लिए। विश्वविद्यालय का ध्यान कृषि प्रौद्योगिकी, ग्रामीण उद्योग, अंतर्विषयक अध्ययन और दूरस्थ शिक्षा जैसे क्षेत्रों में समावेशी पाठ्यक्रम विकसित करना है। इसके अलावा, यह अनुसूचित जातियों और जनजातियों के छात्रों के लिए विशेष प्रावधान भी करता है।
विश्वविद्यालय की संरचना में कुलाधिपति (भारत के राष्ट्रपति), कुलपति, प्रति-कुलपति, कुलसचिव, वित्त अधिकारी और अन्य अधिकारी शामिल हैं। विश्वविद्यालय के प्रमुख निकायों में प्रबंध बोर्ड, विद्या परिषद, योजना बोर्ड, अध्ययन बोर्ड और वित्त समिति शामिल हैं, जो शैक्षणिक, प्रशासनिक और वित्तीय मामलों का प्रबंधन करते हैं।
विश्वविद्यालय को डिग्री, डिप्लोमा और प्रमाणपत्र प्रदान करने, नए पाठ्यक्रम स्थापित करने, शिक्षकों और कर्मचारियों की नियुक्ति करने, महाविद्यालयों और संस्थानों को मान्यता देने तथा दूरस्थ शिक्षा कार्यक्रम चलाने की शक्तियाँ प्राप्त हैं। इसके अलावा, यह छात्रवृत्तियाँ, पदक और पुरस्कार भी प्रदान करता है।
अधिनियम में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया है कि विश्वविद्यालय सभी जातियों, धर्मों और लिंगों के लिए खुला होगा। यह महिलाओं, शारीरिक रूप से अक्षम छात्रों और समाज के कमजोर वर्गों के लिए विशेष प्रावधान भी करता है, जो डॉ. अंबेडकर के सामाजिक समानता के सिद्धांतों को प्रतिबिंबित करता है।
विश्वविद्यालय का मुख्यालय लखनऊ में स्थित है और इसका अधिकार क्षेत्र संपूर्ण उत्तर प्रदेश राज्य पर है। विश्वविद्यालय को अन्य स्थानों पर परिसर स्थापित करने का भी अधिकार है।






